Breaking News

किसान के बेटे नीरज चोपड़ा 19 साल में बने आर्मी अफसर

 

अनुष्का शर्मा

टोक्यो में मेडल के दावेदार नीरज चोपड़ा

टोक्यो ओलंपिक (Tokyo Olympics 2020) की जैवलिन थ्रो (Javelin Throw) यानी भाला फेंक के क्वालिफिकेशन राउंड में भारत के नीरज चोपड़ा (Neeraj Chopra)  पहले नंबर पर रहे हैंI उन्होंने अपने पहले ही प्रयास में 88.65 मीटर का थ्रो किया I नीरज अब 7 अगस्त को फाइनल खेलेंगे.

नीरज को शुरू से ही टोक्यो ओलंपिक में मेडल का दावेदार माना जा रहा था और फाइनल में पहुंचकर उन्होंने भारत के लिए मेडल की उम्मीद भी जगा दी है नीरज चोपड़ा का फाइनल में पहुंच जाना भारत के लिए इसलिए भी बड़ी जीत है, क्योंकि उन्होंने 2017 के वर्ल्ड चैम्पियन जोहानेस वेटर को भी पछाड़ दियाI जर्मनी के जोहानेस वेटर नीरज के बाद दूसरे नंबर पर रहे. जोहानेस ने पहले ही कहा था कि ओलंपिक में नीरज को हराना मुश्किल होगा I

जब तोड़ा था अपना ही नेशनल रिकॉर्ड

2018 में इंडोनेशिया के जकार्ता में हुए एशियन गेम्स में नीरज ने 88.06 मीटर का थ्रो कर गोल्ड मेडल जीता था. नीरज पहले एशियन गेम्स के इतिहास में जैवलिन थ्रो में अब तक भारत को सिर्फ दो मेडल ही मिले हैं. नीरज से पहले 1982 में गुरतेज सिंह ने ब्रॉन्ज मेडल जीता था 2018 में एशियन गेम्स और कॉमनवेल्थ गेम्स में शानदार प्रदर्शन करने के बाद नीरज कंधे की चोट का शिकार हो गए

इस वजह से वो काफी वक्त तक खेल से दूर रहे. 2019 तो उनके लिए और भी खराब रहा और उसके बाद कोरोना के कारण कई इवेंट रद्द हो गए इसके बाद वापसी करते हुए इसी साल मार्च में हुई इंडियन ग्रांड प्रिक्स में नीरज ने 88.07 मीटर का थ्रो कर अपना ही नेशनल रिकॉर्ड तोड़ दिया था. नीरज का ये अब तक का सबसे अच्छा प्रदर्शन था. लेकिन टोक्यो ओलंपिक में उन्होंने 88.65 मीटर का थ्रो कर दिया है.

हरियाणा के हैं नीरज चोपड़ा

हरियाणा के पानीपत जिले के खांद्रा गांव में एक छोटे से किसान के घर पर 24 दिसंबर 1997 को नीरज का जन्म हुआ था नीरज ने 2016 में पोलैंड में हुए IAAF वर्ल्ड U-20 चैम्पियनशिप में 86.48 मीटर दूर भाला फेंककर गोल्ड जीता था, जिसके बाद उन्हें आर्मी में जूनियर कमिशन्ड ऑफिसर के तौर पर नियुक्ति मिली थी.

आर्मी से जॉब मिलने के बाद नीरज ने एक इंटरव्यू में कहा था, “मेरे पिता एक किसान हैं और मां हाउसवाइफ हैं और मैं एक ज्वॉइंट फैमिली में रहता हूं मेरे परिवार में किसी की सरकारी नौकरी नहीं है इसलिए सब मेरे लिए खुश हैं.” उन्होंने आगे कहा था, “अब मैं अपनी ट्रेनिंग जारी रखने के साथ-साथ अपने परिवार की आर्थिक मदद भी कर सकता हूं.”

 

कम उम्र से ही दिखा दिया था अपना दम

23 साल के नीरज अंजू बॉबी जॉर्ज के बाद किसी वर्ल्ड लेवल एथलेटिक्स चैम्पियनशिप में गोल्ड जीतने वाले दूसरे भारतीय हैं. उन्होंने IAAF वर्ल्ड U-20 में गोल्ड जीता था. साल 2016 में उन्होंने साउथ एशियन गेम्स में 82.23 मीटर का थ्रो कर गोल्ड जीता. साल 2016 में उन्होंने साउथ एशियन गेम्स में 82.23 मीटर का थ्रो कर गोल्ड जीता. इसके बाद 2017 में उन्होंने 85.23 मीटर का थ्रो कर एशियन एथलेटिक्स चैम्पियनशिप में भी गोल्ड मेडल जीता था

Check Also

Explore Diverse and Creative Careers in Media and Communication

Journalism and Mass Communication is one of the most dynamic and rapidly evolving fields in …